दहेज के झूठे मामले में फंसाने की धमकी देती है बहू

नगर संवाददाता
भोपाल, 19 सितंबर। साहब, मुख्यमंत्री आश्रय योजना 2008 के नाम पर कूटरचित दस्तावेज बनाकर मुझसे और मेरे दोस्तों से 2 लाख 40 हजार रुपए हड़प लिए गए। मुझे बताया गया कि गौतम नगर शॉपिंग काम्पलेक्श भोपाल में रहने वाले मुकेश अग्रवाल की पहचान नगर निगम के अधिकारियों से है। जो मुख्यमंत्री अवास योजना के तहत सभी वर्गों के लोगों को राहुल नगर फ्लैट दिलवाने का काम करते है।
जब उनसे मुलाकात हुई तो उन्होंने कहा कि डेढ़ लाख रुपए तीन किस्तों में देना होगा। पहली किस्त 80 हजार स्र्पए और दूसरी 35 हजार स्र्पए शेष तीसरी किस्त में देना है। मैने सितंबर 2013 में 80 हजार स्र्पए दे दिए। इसे देखकर मेरे दो दस्तों ने भी यहां 80 हजार स्र्पए देकर फ्लैट बुक कराया, लेकिन नगर निगम की आवंटन सूची देखने पर पता चला कि उनका नाम तो आया ही नहीं है।
दोबारा मुकेश अग्रवाल से संपर्क किया तो उसने कहा कि मेरा कुछ नहीं बिगाड़ सकते हो। जो करना है कर लो। इस पर पुलिस में शिकायत दर्ज कराना चाही लेकिन किसी ने नहीं सुनी। कुछ इस तरह की शिकायत मंगलवार को जनसुनवाई में हिनोतिया निवासी सुरेश कुमार प्रजापति व गणेश प्रजापति, नीरजा नगर निवासी सुनील कुमार चौहान ने कलेक्टर सुदाम पी खाडे से दर्ज कराई। कलेक्टर ने मामले को गंभीरता से लेते हुए एसपी साउथ को उचित कार्रवाई करने के निर्देश दिए है।
बता दें कि मंगलवार को जनसुनवाई में करीब 103 आवेदकों ने अपनी व्यथा सुनाई। कलेक्टर ने सभी मामले संबंधित अधिकारियों को कार्रवाई के निर्देश दिए है। जनसुनवाई में लेकव्यु कॉलोनी रातीबड़ निवासी मनोरमा मिश्रा पत्नी स्व ओमप्रकाश मिश्रा ने कलेक्टर को बताया कि उनकी बहु उन्हें दहेज के झुठे प्रकरण में फंसाने की धमकी देती है। अपशब्दों का उपयोग करती है। हमारा पुश्तैनी मकान इलाहबाद में में है। जिसमें मेरे दो पुत्र व दो बहुए निवास करती है।
मैं चाहती हूं कि मेरी बहु संध्या भी उसी मकान में रहे या फिर भोपाल में कहीं और मकान लेकर रहे। मैं अपने पुत्र और बहु से किसी भी तरह की मदद भी नहीं चाहती बस मेरे घर में शांति होना चाहिए। कलेक्टर को उन्होंने बताया कि किसी भी प्रकार की घटना घटित होती है तो उसकी जिम्मेदार उसकी बहु ही होगी। कलेक्टर ने मामले में हुजूर एसडीएम को तत्काल निकराकरण के निर्देश दिए हैं।
बैरसिया निवासी आवेदक बलराम पुत्र गिरधारीलाल एवं लखनसिंह पुत्र मोहरसिंह ग्राम सेमरा भैरोपुरा ने बताया कि उन्होंने बैरसिया मंडी में चने की फसल बेंची थी जिसका अब तक उन्हें भुगतान नहीं हुआ हैं। बलराम ने बताया की 6 एकड़ कृषि भूमि में 13 क्विंटल चने की फसल जिसकी कीमत लगभग 55 हजार स्र्पए है वहीं लखन सिंह की 5 एकड़ भूमि में 8 क्विंटल चने की फसल प्राप्त हुई। उक्त दोनों आवेदकों ने अपनी अपनी चना फसल बैरसिया सोसायटी में विक्रय की।
सोसायटी द्वारा कहा गया कि तीन-चार दिन में फसल का पैसा आपके खाते में पहुंच जाएगा लेकिन आज तक उन्हें भुगतान नहीं हुआ है। कलेक्टर ने उप पंजीयक सहकारिता को तुरंत जांच कर नियमानुसार भुगतान करवाने के निर्देश दिए हैं।