सभी दल और प्रत्याशी करें आदर्श आचरण संहिता का पालन : राव

भोपाल, 24 अक्टूबर। मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी वी.एल. कान्ता राव ने सभी राजनैतिक दलों और प्रत्याशियों से आदर्श आचरण संहिता का पालन करने को कहा है, जिससे निष्पक्ष, निर्भीक समावेशी, सुगम और नैतिक मतदान करवाया जा सके। चुनाव में भाग लेने वाले प्रत्येक दल और प्रत्याशी के लिए आवश्यक है कि वह ऐसी किसी भी बातों और कार्यों से बचें, जिससे आदर्श आचरण संहिता का उल्लंघन हो।
किसी दल या अभ्यर्थी को ऐसा कार्य नहीं करना चाहिए, जो विभिन्न जातियों, धार्मिक या भाषाई समुदायों के बीच मतभेदों को बढ़ाए या घृणा की भावना को उत्पन्न करे या तनाव पैदा करे। अन्य राजनैतिक दलों की आलोचना की जाए तो उसकी नीतियों एवं कार्यक्रम और पूर्व रिकार्ड कार्य तक ही सीमित होना चाहिए। किसी के व्यक्तिगत जीवन के पहलुओं की आलोचना नहीं की जाना चाहिए। दलों या अन्य कार्यकर्ताओं के बारे में ऐसी कोई आलोचना नहीं की जाना चाहिये, जो ऐसे आरोपों पर सत्यता स्थापित न हुई हो। मत प्राप्त करने के लिये जाति या साम्प्रदायिक भावना की दुहाई नहीं देना चाहिए। मस्जिदों, मंदिरों या पूजा के अन्य स्थानों का निर्वाचन प्रचार के मंच के रूप में प्रयोग नहीं किया जाना चाहिए। मतदान की समाप्ति से 48 घंटे के पूर्व की अवधि के दौरान तक सभाएं आदि करना वर्जित रहता है। राजनैतिक दल और प्रत्याशियों द्वारा मतदाताओं को वाहन से मतदान केंद्र तक लेकर जाना और वापस लाना वर्जित है।
किसी राजनैतिक दल या अभ्यर्थी को किसी के निजी भवन अहाते में ध्वज लगाने पोस्टर चिपकाने, नारे लिखने के लिए भवन अथवा भूमि स्वामी की लिखित अनुमति आवश्यक है। रात्रि 10 बजे से सुबह 6 बजे तक लाउड स्पीकर का उपयोग वर्जित है। किसी भी राजनैतिक दल द्वारा अथवा अभ्यर्थी द्वारा किसी के विरूद्ध अपशब्दों का उपयोग नहीं करना चाहिए। किसी सामाजिक परम्परा की बुराई नहीं करना चाहिए।
ऐसा कृत्य अथवा शब्दों का उपयोग नहीं करना चाहिए, जिससे न्यायालय की अवमानना हो। ऐसा कृत्य या शब्दों का उपयोग नहीं करना चाहिए, जिससे देश की अखंडता एवं सम्प्रभुता प्रभावित होती हो।
37,770 लोगों पर प्रतिबंधात्मक कार्यवाही: मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी वी.एल. कान्ता राव ने बताया कि आदर्श आचरण संहिता लगने के बाद 6 अक्टूबर से 22 अक्टूबर 2018 तक प्रदेश में कानून एवं सुरक्षा व्यवस्था के लिए 14 हजार 36 गैर जमानती वारंट तामील कराये गये हैं। 1395 अवैध हथियार जब्त किये गये हैं। 1 लाख 99 हजार 401 शस्त्र थानों में जमा कराये गये हैं। 37 हजार 770 लोगो पर प्रतिबंधात्मक कार्यवाही की गई है। सम्पत्ति विरूपण के अन्तर्गत 12 लाख 54 हजार 360 प्रकरण पंजीबद्ध किये गये हैं। जिनमें से 12 लाख 14 हजार 933 प्रकरणों में कार्यवाही की गयी। शासकीय सम्पत्ति विरूपण में 9 लाख 98 हजार 63 प्रकरण पंजीबद्ध कर 9 लाख 76 हजार 235 प्रकरणों में कार्यवाही की गई। निजी सम्पत्ति विरूपण के अंतर्गत 2 लाख 56 हजार 297 प्रकरण पंजीबद्ध कर 2 लाख 38 हजार 698 प्रकरणों में कार्यवाही की गई। वाहनों के दुरूपयोग पर 5 हजार 761 प्रकरण पंजीबद्ध किये गये हैं।