मॉकपोल से होगी मतदान की शुरुआत

ग्वालियर, 25 अक्टूबर। हर मतदान केन्द्र पर मतदान शुरू होने से पहले मॉकपोल होगा। मॉकपोल में विभिन्न प्रत्याशियों के अभिकर्ताओं की मौजूदगी में कम से कम 50 मत डालकर देखे जायेंगे। इसके बाद वीवीपैट से 57 पर्चियाँ निकलेंगीं, जिसमें से 7 पर्चियाँ ईवीएम की विशिष्टियों से संबंधित होंगीं और 50 पर्चियां मॉक पोल में डाले गए मतों से। इन सभी पर्चियों को विधिवत सील्ड करके सुरक्षित रखा जायेगा। इस आशय की जानकारी मतदान दलों के प्रथम चरण के प्रशिक्षण में दूसरे दिन भी दी गई। कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी अशोक कुमार वर्मा भी प्रशिक्षण का जायजा लेने पहुँचे। इस अवसर पर अपर कलेक्टर एवं मतदान दल गठन प्रभारी दिनेश श्रीवास्तव व अपर कलेक्टर विकास शिवम वर्मा भी मौजूद थे। जिले में विधानसभा आम चुनाव कार्यक्रम के तहत मतदान कराने के लिए नियुक्त किए गए अमले का प्रथम चरण का प्रशिक्षण यहाँ भारतीय पर्यटन एवं यात्रा प्रबंधन संस्थान में दिया जा रहा है। प्रशिक्षण के दूसरे दिन भी करीबन 1600 अधिकारियों व कर्मचारियों को 54 मास्टर ट्रेनर द्वारा मतदान संबंधी सम्पूर्ण बारीकियां विस्तारपूर्वक बताई गईं। प्रशिक्षण में गैर हाजिर रहे और समय पर उपस्थित न होने वाले शासकीय सेवकों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करने के लिए कारण बताओ नोटिस जारी किए गए हैं। प्रथम चरण के प्रशिक्षण में पीठासीन अधिकारी और मतदान अधिकारी क्रमांक 1 व 2 को प्रशिक्षित किया जा रहा है । यह प्रशिक्षण 26 अक्टूबर तक जारी रहेगा। कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी अशोक कुमार वर्मा ने प्रशिक्षण ले रहे सभी अधिकारियों से कहा कि मतदान से संबंधित सभी पहलुओं को भलीभाँति समझ लें, जिससे मतदान संपादित कराने में कोई दिक्कत न आए। उन्होंने वीवीपैट की प्रक्रिया भलीभाँति समझ लेने पर जोर दिया। साथ ही कहा कि भारत निर्वाचन आयोग के दिशा-निर्देशों एवं आचार संहिता का कड़ाई से पालन करते हुए मतदान सम्पन्न कराएं। मुख्य मास्टर ट्रेनर एस बी ओझा ने बताया किमौकपोल के बाद वीवीपैट से निकलने वाली 57 पर्चियों को काले बैग में सील्ड किया जायेगा। फिर इस बैग को एक डिब्बे में सील्ड किया जायेगा। इसके पश्चात डिब्बे को पिंक पेपर से सील्ड कर सुरक्षित रखा जायेगा। मतदान अधिकारियों को खास तौर पर ई.व्ही.एम (इलेक्ट्रानिक वोटिंग मशीन) अर्थात बैलेट यूनिट, कंट्रोल यूनिट व वीवीपैट के बारे में तकनीकी एवं व्यवहारिक प्रशिक्षण विस्तार से दिया जा रहा है।