नरोत्तम मिश्रा को बड़ी राहत

नई दिल्ली, 27 अक्टूबर (ब्यूरो)। जनसंपर्क मंत्री नरोत्तम मिश्रा को पेड न्यूज मामले में सुप्रीम कोर्ट ने बड़ी राहत दी है। सुप्रीम कोर्ट ने चुनाव आयोग की उस अपील को खारिज कर दिया है, जिसमें कहा गया था कि हाईकोर्ट से नरोत्तम मिश्र के पक्ष में दिए गए फैसले को बदला जाए। सुप्रीम कोर्ट ने ऐसा करने से इनकार कर दिया है। कोर्ट ने कहा है कि इस मामले की सुनवाई छह हफ्ते बाद होगी। मध्य प्रदेश में विधानसभा चुनाव से पहले मंत्री नरोत्तम मिश्रा के लिए ये फैसला एक बड़ी राहत लेकर आया है।
उल्लेखनीय है कि नरोत्तम मिश्रा के पेड न्यूज मामले में चुनाव आयोग ने अयोग्यता से राहत देने वाले दिल्ली हाईकोर्ट के फैसले को सितंबर में सुप्रीम कोर्ट में चुनौती दी थी। चुनाव आयोग ने तुरंत दिल्ली हाईकोर्ट के एक पक्षीय अंतरिम फैसले पर रोक लगाने की मांग की थी। क्योंकि गत 18 मई को मध्यप्रदेश के जल संसाधन और जनसंपर्क मंत्री नरोत्तम मिश्रा को चुनावी खर्च की सही जानकारी न देने (पेड न्यूज) के मामले में दिल्ली हाईकोर्ट से राहत मिली थी। हाईकोर्ट की डिवीजनल बेंच ने चुनाव आयोग के उस आदेश को रद्द कर दिया था, जिसमें आयोग ने नरोत्तम को विधानसभा सदस्यता से अयोग्य घोषित किया था। उनके तीन साल तक चुनाव लडऩे पर भी रोक लगाई गई थी। यह मामला 2008 के विधानसभा चुनाव में खर्च से जुड़ा है। फैसले के चलते नरोत्तम पिछले साल राष्ट्रपति चुनाव में वोट नहीं डाल पाए थे। जून 2017 में चुनाव आयोग ने जनप्रतिनिधित्व कानून 1951 में 10 (ए) के तहत 23 जून, 2017 को तीन साल के लिए चुनाव लडऩे से अयोग्य ठहराया था। वहीं, धारा 7 (बी) के अनुसार विधानसभा की सदस्यता से अयोग्य ठहराया था। इसके बाद वे विधानसभा के सदस्य भी नहीं रह सकते थे। 2008 के विधानसभा चुनाव में नरोत्तम ने डबरा सीट से भाजपा के टिकट पर चुनाव लड़ा था। नरोत्तम मिश्रा ने आयोग के फैसले को मध्यप्रदेश हाईकोर्ट की ग्वालियर बेंच में चुनौती दी थी, लेकिन वकीलों की हड़ताल की वजह से सुनवाई नहीं हुई। इसके बाद यह केस जबलपुर हाईकोर्ट पहुंचा और बाद में सुप्रीम कोर्ट ने इसे सुनवाई के लिए दिल्ली हाईकोर्ट भेज दिया। इसके बाद मिश्रा ने दिल्ली हाईकोर्ट की सिंगल बेंच में अर्जी लगाई, जो खारिज हो गई। बाद में डबल बेंच से भी याचिका खारिज हुई तो नरोत्तम 28 जुलाई को फिर सुप्रीम कोर्ट पहुंच गए। कोर्ट ने इस पर सुनवाई के लिए दिल्ली हाईकोर्ट को आदेश दिया। ज्ञात हो कि नरोत्तम मिश्रा के खिलाफ कांग्रेस के राजेन्द्र भारती ने 2009 में आयोग के सामने एक याचिका दायर कर कहा था कि मिश्रा ने 2008 के विधानसभा चुनाव के खर्चे का सही ब्योरा नहीं दिया। उन्होंने कई मदों में किए गए खर्चे नहीं दिखाए, जिनमें ‘पेड न्यूजÓ भी शामिल है, इसमें उन्होंने 8 से 27 नवंबर के बीच 42 खबरों की प्रतियां भी लगाई थीं, जो पेड न्यूज की श्रेणी में आती हैं।