कमलनाथ सरकार ने युवाओं के बेरोजगार को स्वाभिमान बनाया

भोपाल, 11 फरवरी। गणतंत्र दिवस के अवसर पर मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री कमलनाथ द्वारा युवा स्वाभिमान योजना का शुभारंभ किया गया। मप्र युवा स्वाभिमान योजना के तहत राज्य सरकार शहरी क्षेत्रों के बेरोजगार आर्थिक कमजोर वर्ग के युवाओं को कौशल प्रशिक्षण और 100 दिन सुनिश्चित रोजगार प्रदान करेगी। मप्र युवा स्वाभिमान योजना का उद्देश्य बेरोजगार युवा उम्मीदवारों को सशक्त बनाना है। युवा स्वाभिमान योजना महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी अधिनियम योजना के समान है। इच्छुक उमीदवार मध्यप्रदेश युवा रोजगार स्वाभिमान योजना की पात्रता और ऑनलाइन आवेदन प्रक्रिया की ऑनलाइन जांच कर सकते हंै। मध्य प्रदेश युवा स्वाभिमान कौशल प्रशिक्षण और 100 दिन रोजगार शहरी क्षेत्र में आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग के बेरोजगार युवाओं को अस्थायी रोजगार प्रदान करेगी। इस योजना का उद्देश्य शहरी क्षेत्रों में रोजगार अनुपात को बढ़ाना है, क्योंकि राज्य की जनगणना के अनुसार, मध्यप्रदेश में 2.4 मिलियन बेरोजगार लोग हैं और राज्य में हर सातवें घर में एक बेरोजगार व्यक्ति है। युवा स्वाभिमान योजना आपकी पसंद के अनुसार वांछित क्षेत्र में कौशल प्रशिक्षण प्रदान करेगी। इसका उद्देश्य मुख्य रूप से राज्य के शहरी क्षेत्रों में समाज के कमजोर वर्ग के युवाओं को रोजगार प्रदान करना है। इस योजना का उद्देश्य शहरी क्षेत्रों में समाज के आर्थिक रूप से कमजोर वर्गों के युवाओं को 100 दिन का रोजगार देना है। युवाओं को सरकार द्वारा कौशल प्रशिक्षण भी दिया जाएगा। युवाओं को उपलब्ध अवसरों का पता लगाने के लिए कौशल प्रशिक्षण के घटक को जोड़ा गया है। नौकरी के अवसरों को बढ़ाने के लिए मध्य प्रदेश सरकार ने एक खंड के साथ औद्योगिक नीति में बदलाव की घोषणा की है, जिसके तहत उद्योग राज्य सरकार से प्रोत्साहन प्राप्त करने के लिए पात्र होंगे, जब वे मध्य प्रदेश से 70 प्रतिशत कर्मचारियों को नियुक्त करेंगे। इस योजना के साथ, सरकार का लक्ष्य उन शहरी केंद्रों को शामिल करना है, जो महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी अधिनियम (मनरेगा) से बचे हुए हैं। चूंकि ग्रामीण इलाकों में लोग मनरेगा के तहत आते हैं, इसलिए योजना शहरी क्षेत्रों पर केंद्रित है। कमलनाथ ने कहा कि रोजगार की अवधि के दौरान, शहरी युवाओं को उनकी पसंद के क्षेत्र में कौशल विकास का प्रशिक्षण दिया जाएगा। वे कौशल उन्हें विभिन्न क्षेत्रों में रोजगारपरक बनाएंगे। उन्होंने कहा कि इच्छुक शहरी गरीब युवाओं का पंजीकरण शुरू होगा और यह योजना फरवरी के अंत तक पूरी तरह से संचालित हो जाएगी।
युवा स्वाभिमान योजना की विशेषताएं

  • शहरी गरीबों के लिए कौशल प्रशिक्षण, वांछित क्षेत्र में युवा।
  • 100 दिन की नौकरी का आश्वासन दिया।
  • फरवरी 2019 से पंजीकरण शुरू होगा।
  • योजना के लिए पूर्ण दिशा-निर्देश अगले महीने से उपलब्ध होंगे।
    युवा स्वाभिमान योजना के लिए पात्रता
  • प्रत्याशी को राज्य का मूल निवासी होना चाहिए।
  • परिवार की वार्षिक आय 2 लाख रुपए से कम हो।
  • महात्मा गांधी नरेगा योजना के जॉब कार्डधारी न हो।
  • आवेदक की उम्र 1 जनवरी 2019 से 21 से 30 वर्ष के बीच होनी चाहिए।