अलवर गैंगरेप केस को कांग्रेस ने वोटबैंक के चलते छिपाया


प्रधानमंत्री ने कांग्रेस पर साधा निशाना, कहा- अवॉर्ड वापसी गैंग अब चुप क्यों है
रॉबर्ट्सगंज/गाजीपुर, 11 मई।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शनिवार को रॉबर्ट्सगंज और गाजीपुर में चुनावी रैलियां कीं। सैम पित्रोदा के बयान पर मोदी ने एक बार फिर तंज कसा। मोदी ने कहा कि पहले की सरकारें हुआ तो हुआ की तर्ज पर काम करती थीं। प्रधानमंत्री ने कहा कि कांग्रेस और उसके महामिलावटी दोस्तों का एक ही मंत्र है- हुआ तो हुआ। मोदी ने कहा कि अलवर में दलित की बेटी के साथ गैंगरेप की घटना हुई और कांग्रेस सरकार वोटबैंक के लिए उसे छिपाने में जुट गई। अवॉर्ड वापसी गैंग अब चुप क्यों है।
गाजीपुर से भाजपा के मनोज सिन्हा लोकसभा उम्मीदवार हैं। रॉबर्ट्सगंज में एनडीए के सहयोगी अपना दल के पकौड़ी लाल मैदान में हैं। यहां 19 मई को सातवें चरण में मतदान होगा।
गरीबी मिटाने के लिए जुटा हूं और यही मेरी जाति है
मोदी ने गाजीपुर में कहा, राजस्थान के अलवर में एक बेटी के साथ दरिदों ने सामूहिक बलात्कार किया, लेकिन वहां की कांग्रेस सरकार और पुलिस इस केस को छिपाने और दबाने में लग गई। वोट बैंक के लिए कांग्रेस ऐसा करना चाहती थी। यही कांग्रेस के न्याय की सच्चाई है।
मोमबत्तियां लेकर निकलने वाले लोग थे। अब उनकी मोमबत्ती से धुंआ निकलने लगा है। अब अवॉर्ड वापसी वाला गैंग क्यों चुप बैठ गया है। वो बेटी के न्याय के लिए आगे क्यों नहीं आते, अब कहां हैं वे?
कांग्रेस, सपा और बसपा ने हमेशा अपने ही विकास के बारे में सोचा है। कांग्रेस का तो मूल मंत्र ही यही है- हुआ तो हुआ। किसान, गरीब और युवा परेशान होते रहे, लेकिन ये कहते रहे.. हुआ तो हुआ। आपने हमें 2014 में मौका दिया और हमने सबका साथ-सबका विकास करके दिखाया।
प्रधानमंत्री ने कहा- मैं गरीब पैदा हुआ और देश से गरीबी मिटाने के लिए जी-जान से जुटा हूं। मुझसे जो लोग मेरी जाति का सर्टिफिकेट मांगते हैं, मैं उनसे कहता हूं कि गरीबी ही मेरी जाति है।
राबर्ट्सगंज में मोदी ने कहा- पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी से पहले की सरकारों में इच्छाशक्ति की कमी थी। उनके अंदर कड़े फैसले लेने की क्षमता नहीं थी। पहले की सरकारों ने जो हुआ, सो हुआ की तर्ज पर काम किया। मोदी ने कहा- इतना भ्रष्टाचार, लाखों करोड़ों के घोटाले, आसमान छूती महंगाई, हर तरफ जैसे त्राहि-त्राहि मची हुई थी। देश घोटालों से घिर गया। देश का नाम दुनिया भर में बदनाम हुआ, लेकिन वो कहते रहे- हुआ तो हुआ।
सत्ता के गलियारों पर दलालों ने कब्जा कर लिया, रिमोट कंट्रोल से सरकार चलाने वाले देश को आगे बढ़ाने के लिए बड़े फैसले नहीं ले पाए और कहते रहे- हुआ तो हुआ।