कांग्रेस के ‘हाथ’ में कैसे आए सचिन पायलट

राजस्थान कांग्रेस का संकट खत्म हो गया है. मुख्यमंत्री अशोक गहलोत के साथ सचिन पायलट काम करने को राजी हो गए हैं. मामला सुलझने के बाद सचिन पायलट ने कहा कि पार्टी के हित में मुद्दों को उठाना जरूरी था, पद की लालसा नहीं, सम्मान की लड़ाई थी. 

  1. गहलोत के साथ सचिन पायलट काम करने को राजी
  2. राजस्थान में जारी सियासी संकट खत्म हो गया है
  3. सचिन ने कहा- पद नहीं सम्मान की लड़ाई थी

नई दिल्ली: राजस्थान में कांग्रेस का संकट खत्म हो गया है. के साथ काम करने को राजी हो गए हैं. मामला सुलझने के बाद सचिन पायलट ने कहा कि पार्टी के हित में मुद्दों को उठाना जरूरी था, पद की लालसा नहीं, सम्मान की लड़ाई थी. 32 दिनों तक गहलोत से अदावत के बाद आखिरकार राजस्थान में पायलट की पलटन की घर वापसी हो गई. अब जयपुर में पायलट का इंतजार हो रहा है और राजस्थान कांग्रेस कह रही है कि जल्द सचिन अपने घर वापस आ जाएंगे. 

सचिन पायलट और गहलोत के बीच तकरार को सुलझाने के लिए कांग्रेस नेताओं की बैठकों और बातचीत का दौर सोमवार देर रात तक जारी रहा. जिसके बाद सचिन पायलट ने आधी रात में ट्वीट करके कहा कि मैं सोनिया जी, राहुल जी, प्रियंका गांधी जी और कांग्रेस नेताओं को हमारी शिकायतों पर ध्यान देने और उन्हें संबोधित करने के लिए धन्यवाद देता हूं. मैं अपने विश्वास पर कायम हूं और राजस्थान के लोगों से किए गए वादों को पूरा करने और लोकतांत्रिक मूल्यों की रक्षा करने के लिए एक बेहतर भारत के लिए काम करना जारी रखूंगा. 

पहले पायलट ने राहुल गांधी ने मुलाकात की. सचिन की प्रियंका गांधी से भी चर्चा हुई. सोनिया गांधी ने गहलोत से बातचीत की. पायलट, राहुल और प्रियंका सोनिया से मिले. इन बातों और मुलाकातों ने राजस्थान में छाए संकट के बादल को हटा दिए और पार्टी में सुलह का रास्ता निकाल लिया. सचिन पायलट राजस्थान में कांग्रेस पार्टी और सरकार के हित में काम करने के लिए तैयार हैं. सचिन पायलट और कुछ विधायकों ने जो मुद्दे उठाए हैं उन पर ध्यान देने के लिये अध्यक्ष सोनिया गांधी ने तीन सदस्यीय कमेटी का गठन करने का फैसला किया है. 

इस पूरे विवाद के बाद पहली बार मीडिया के सामने आए राजस्थान के पूर्व डिप्टी सीएम सचिन पायलट ने कहा कि  मुझे किसी पद की कोई इच्छा नहीं है लेकिन मैं चाहता था कि हमारा स्वाभिमान बरकरार रहे. सचिन पायलट के समर्थक विधायक भंवर लाल शर्मा ने मुख्यमंत्री अशोक गहलोत से जयपुर में मुलाकात की. मुलाकात के बाद भंवर लाल ने कहा कि गहलोत मुखिया हैं और पार्टी परिवार है. सूत्रों के मुताबिक जल्द ही सचिन पायलट और उनके समर्थक विधायक जयपुर लौट सकते हैं. 

ऐसे ‘हाथ’ में आए सचिन पायलट
सचिन पायलट की राहुल, प्रियंका के साथ मुलाकात हुई. सचिन पायलट के घर वापसी के फॉर्मूले पर बात हुई. हाईकमान ने पायलट और उनके समर्थक विधायकों की बात सुनी. सोनिया गांधी ने संकट सुलझाने के लिए कमेटी बनाई. मुख्यमंत्री पद के बारे में फिलहाल कोई बात नहीं. पायलट ने कहा कि ‘मान सम्मान स्वाभिमान’ बरकरार रहे. विधायकों की खरीद-फरोख्त पर SOG की फाइनल रिपोर्ट में विधायकों से राष्ट्रद्रोह का मामला हटाया गया. गहलोत का संकेत, हाईकमान का फैसला मंजूर होगा. पायलट ने पार्टी को मज़बूत बनाने और काम करने की बात कही.