बिलासपुर कलेक्टर जब पहुंचे किसान बनकर खरीदी केंद्र

धान न तौलने का किसानों ने लगाया था आरोप
रायपुर। धान खरीद केंद्रों पर गड़बड़ी की कई शिकायतें डीएम को मिल रही थीं। जिसकी जांच के लिए शनिवार को डीएम खुद ही मुंह और सिर पर गमछा लपेटकर किसान के रूप में बिलासपुर मंडी पहुंच गए। यहां उनको तौल बंद मिली। किसानों ने केंद्र प्रभारी पर धान न तौलने और व्यापारियों का धान खरीदने का आरोप लगाया तो डीएम ने ठेकेदार और केंद्र प्रभारी को फटकार लगाई। एसडीएम को रिपोर्ट दर्ज कराने के निर्देश दिए। मंडी सचिव ने केंद्र प्रभारी के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज करा दी।शुक्रवार की अपराह्न करीब एक बजे डीएम किसान के रूप में नवीन मंडी पहुंचे। उन्होंने देखा कि एनसीसीएफ के केंद्र पर तमाम किसान मौजूद थे, मगर धान की तौल नहीं हो रही थी। केंद्र प्रभारी ऋषिराज शर्मा ने डीएम को बताया कि वह रोजाना ही धान खरीद रहे हैं, मगर शनिवार को मजदूरों के कम आने पर तौल धीमी हो रही है। किसानों ने आरोप लगाया कि केंद्र प्रभारी उनका धान नहीं तौल रहे हैं, बल्कि व्यापारियों का धान तौल रहे हैं।
डीएम ने पाया कि छह अक्तूबर के बाद से इस केंद्र पर कोई धान ही नहीं खरीदा गया है। डीएम ने ठेकेदार और केंद्र प्रभारी की क्लास लगाई और रिपोर्ट दर्ज कराने के निर्देश एसडीएम डॉ. राजेश कुमार को दिए। एसडीएम ने बताया कि आज तक आठों केंद्रों पर 12,854 क्विंटल धान की खरीद हो चुकी है। डीएम ने कहा कि किसानों का धान तुलना चाहिए और गड़बड़ी करने वाले केंद्र प्रभारी के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। मंडी सचिव उदयवीर सिंह को देर से आने और केंद्रों की देखरेख न करने पर डीएम ने नाराजगी जताई। सचिव ने केंद्र प्रभारी के खिलाफ कोतवाली में धोखाधड़ी आदि धाराओं में रिपोर्ट लिखाई है।