एक नौकरशाह की पाठशाला हनुमान भक्ति में शक्ति…

मध्यप्रदेश में एकमात्र नौकरशाह अतिरिक्त मुख्य सचिव स्तर के अधिकारी ऐसे हैं, जिन्हें समूची नौकरशाही हनुमान भक्त कहती है और साहब हनुमान भक्ति से ही शक्ति का गुणगान करते थकते नहीं हैं। रेल हो या प्रशासन का टेल हो, जहाज में हो या अपने ही निवास में बनाया छोटा-सा मंदिर, सब जगहों पर उन्हें हनुमान चालीसा का पाठ करना हमेशा पाठशाला की तरह अच्छा लगता है। आश्चर्य और चौंकाने वाला गूढ़ सत्य है कि साहब ने हनुमान चालीसा के प्रत्येक श्लोक पर एक-एक पुस्तक लिख डाली और इसकी वजह से वे साहित्य के क्षेत्र में चर्चित नौकरशाहों में नम्बर-1 कहलाते हैं। मजे की बात यह है कि तीन दशकों से अधिक की शासकीय सेवा में उक्त अतिरिक्त मुख्य सचिव का कोई दुश्मन नहीं बना और जो बना, वह डायनामाइट से उड़ गया। उक्त नौकरशाह के चाहने वाले मित्र उनसे पूछते हैं 24 ङ्ग7 ऊर्जावान रहने का राज क्या है तो वे दो-टूक जवाब देते हैं न काहू से दोस्ती, न काहू से बैर, हनुमान जी की भक्ति से ही मिली शक्ति, इसलिये कुछ बिगडऩा नहीं है, वरना नौकरशाही में चाहने वालों की कमी नहीं है। उल्लेखनीय है कि उपरोक्त वाक्या 1987 बैच के नौकरशाह अतिरिक्त मुख्य सचिव मनोज श्रीवास्तव को लेकर ही लिखा गया है। – खबरची