नवाचार के प्रयोगों से प्रदेश में बढ़ रहे है पशुधन

रजत परिहार (09425002527)
भोपाल, 18 मई। प्रदेश का पशुपालन विभाग अपने नवाचारों के माध्यम से हितग्राहियों को केंद्र तथा राज्य सरकार की विभिन्न योजनाओं का लाभ दिलाने में शत-प्रतिशत सफल हुआ है। आज स्थिति यह है कि नवाचारों के प्रयोगों से प्रदेश में बड़ी मात्रा में पशुधन बढ़ रहे हैं।
साथ ही वो कृषक जो, इसके पूर्व पोल्ट्री फोम, बकरी पालन, दुधारू गाय, सूकर पालन को एक समस्या मानते थे, वर्तमान में विभाग की सक्रियता और लगातार मोटिवेशन से उनके लिए लाभ का धंधा बनते जा रहा है। यह न केवल मध्यप्रदेश के सकल राजस्व की वृद्धि में अपना महत्वपूर्ण योगदान दे रहा है, बल्कि इससे प्रति व्यक्ति आय में भी अभूतपूर्व बढ़ोतरी हो रही है। यह सब आज संभव हो पाया पशुपालन विभाग के प्रमुख सचिव अजीत केसरी और संचालक पशुपालन डॉ. आरके रोकड़े की कड़ी मेहनत से। जिन्होंने केंद्र और राज्य सरकार की लाभकारी योजनाओं का लाभ हितग्राहियों तक पहुंचाने के लिए बकायदा एक रोडमैप तैयार करके उस अमल किया। बताया जा रहा है कि संचालनालय पशुपालन विभाग ने हितग्राही मूलक योजनाओं के तहत छोटे पशुओं एवं कुक्कुट का उत्प्रेरण के तहत अनुदान के आधार पर नर बकरा प्रदाय योजना के तहत 3757 हितग्राही लाभान्वित हुए हैं। इसी तरह वत्सपालन योजना में 4316, अनुदान पर सांड प्रदाय में 2447, नंदीशाला में 2637, बैंक ऋण एवं अनुदान पर बकरी इकाई योजना में 2102, अनुदान पर सूकर का प्रदाय 768, बैकयार्ड कुक्कुट इकाई में 8638, कड़कनाथ चूजों इकाई के प्रदाय में 2450 तथा आचार्य विद्यासागर गौ संवर्धन योजना में 1591 हितग्राही अब तक लाभ ले चुके हैं। विभाग आगे भी हितग्राहियों को लाभ दिलाने के दिशा में एक कार्य योजना तैयार कर रहा है।