आखिरकार नेताजी ने खोल दी कलई


भारतीय जनता पार्टी के एक पूर्व विधायक जिन्हें पार्टी ने जिला अध्यक्ष पद की जिम्मेदारी सौंपी थी। वे पिछले दो चुनाव से पार्टी में टिकट की मांग कर रहे हैं,लेकिन उनकी सीट से कांग्रेस के आयातीत नेता को टिकट दे दिया,दूसरी बार भी नेताजी के साथ कुछ ऐसा ही हुआ। जिसकी वजह से वे पार्टी से नाराज चल रहे हैं। नेताजी अपनी नाराजगी के चलते पूरे विधानसभा चुनाव में निरंकुश रहे। नेताजी ने चुनाव के दौरान अपने भाई के लिए प्रचार किया था। उनकी निरंकुशता के चलते शनिवार को एक अफवाह उड़ी कि साहब को पार्टी से बर्खास्त कर दिया,इस बारे में जब नेताजी से पूछा गया तो वे भी सही मान गए और उन्होंने पार्टी के भीतर चल रहे अंर्तद्वंद्व को उजागर कर दिया। नेताजी ने स्पष्ट कहा कि यदि पार्टी ने जमीनी कार्यकर्ताओं की सुध नहीं ली तो लोकसभा चुनाव में भी पार्टी को इसके परिणाम भुगतने पड़ेंगे। बता दें कि उक्त समाचार का कटनी के पूर्व जिला अध्यक्ष व विधायक ध्रुव प्रताप सिंह से कोई संबंध नहीं है। … खबरची