अभियान को ओलंपियन नाविक केसी गणपति और वरुण ठक्कर तमिलनाडु में पहुंचाया, उन्होंने कहा, “आशा है कि हम अगले ओलंपिक पदक विजेताओं को प्रेरित करेंगे”

ओलंपियन नाविक केसी गणपति और वरुण ठक्कर ने गुरुवार को भारत के दक्षिणी हिस्से में पीएम मोदी के स्कूल यात्रा अभियान की शुरुआत की और तमिलनाडु के विवेकानंद विद्यालय हायर सेकेंडरी स्कूल का दौरा किया।

माननीय प्रधान मंत्री श्री नरेन्द्र मोदी के अनूठे स्कूल यात्रा अभियान को आगे बढ़ाते हुए, एशियाई चैंपियनशिप के स्वर्ण पदक विजेता वरुण ठक्कर और केसी गणपति ने बच्चों के साथ एक संतुलित और पौष्टिक आहार लेने के महत्व पर बातचीत की ताकि मजबूत प्रतिरोध क्षमता और मांसपेशियों का गठन किया जा सके जो वास्तव में एक खिलाड़ी के जीवन के लिए महत्वपूर्ण हैं।

उन्होंने छात्रों से वर्ष 2022 के लिए अपने खेल के संकल्प को दर्शकों के साथ साझा करने के लिए भी कहा ताकि उन्हें आने वाले एथलीटों के अनुभव भी सुनने को मिले।

मेजबान नाविकों ने विवेकानंद विद्यालय हायर सेकेंडरी स्कूल के छात्रों के अलावा, तमिलनाडु के 3 जिलों के 75 स्कूलों के छात्र प्रतिनिधियों ने भी विशेष कार्यक्रम में भाग लिया और स्थानीय एथलीटों से मिलने का एक अनूठा अवसर प्राप्त किया।

मुलाकात के दौरान, केसी गणपति और वरुण ठक्कर दोनों ने तमिल और अंग्रेजी में छात्रों के साथ बातचीत की, ताकि वे ‘संतुलित आहार’, फिटनेस के महत्व को समझ सकें और बैडमिंटन के खेल को भी बढ़ावा दे सकें, जो दक्षिण भारत में काफी लोकप्रिय है।

दोनों ने छात्रों को मांसपेशियों को मजबूत करने वाले कुछ मौलिक व्यायाम भी सिखाए जो एक नाविक के रूप में महत्वपूर्ण हैं और कहा “नौकायन के लिए, आपको लचीलेपन और ताकत के बीच संतुलन रखने की आवश्यकता है अन्यथा हवा का दवाब अचानक बदल सकती है और आपकी नाव तय पथ से दूर जा सकती है। इसलिए हर सुबह हम अपने शरीर में लचीलेपन को बढ़ाने के लिए दिन की शुरुआत दौड़ने या साइकिल चलाने से करते हैं और फिर शाम को हम वजन उठाने का प्रशिक्षण करते हैं, ताकि हम अपनी शारीरिक शक्ति को बढ़ा सकें।”

देश के ओलंपियन और पैरालिंपियन को पूरे भारत में स्कूलों का दौरा करने और छात्रों के साथ बातचीत करने के माननीय प्रधान मंत्री के विचार की सराहना करते हुए, केसी गणपति और वरुण ठक्कर ने कहा, ” हम अपने माननीय प्रधान मंत्री द्वारा शुरू किए गए ‘चैंपियंस से मिलो’ अभियान का हिस्सा बनकर बेहद उत्साहित हैं। हमें 75 स्कूलों के बच्चों को संबोधित कर और विभिन्न जिलों के 150+ बच्चों के साथ बातचीत करके बहुत अच्छा लगा है। हम आशा करते हैं कि हमने उन्हें प्रेरित किया और उन्हें स्वस्थ अहार और फिट रहने के महत्व का एहसास हुआ है। हम उम्मीद करते हैं कि हमने बच्चों को खेल के प्रति प्रेरित किया है। हम उम्मीद करते हैं कि ये बच्चों अगले ओलंपिक में हमें पदक लाकर देंगे।

यह अनूठी पहल सरकार के ‘आजादी का अमृत महोत्सव’ का हिस्सा है, जिसे ओलंपिक स्वर्ण पदक विजेता नीरज चोपड़ा ने दिसंबर 2021 में शुरू किया था और फिर भारत के उत्तरी क्षेत्र में ओलंपिक कांस्य पदक विजेता बजरंग पुनिया ने आगे बढ़ाया था।

‘चैंपियंस से मिलो’ पहल एक अनूठा स्कूल के बच्चों से मिलने का अभियान है, जिसे संयुक्त रूप से शिक्षा मंत्रालय और युवा मामले और खेल मंत्रालय द्वारा आयोजित किया जा रहा है। अपनी यात्रा के दौरान, ओलंपियन अपने स्वयं के अनुभव, जीवन के सीख, सही खाने के टिप्स साझा करते हैं और स्कूली बच्चों को समग्र रूप से आगे बढ़ने की प्रेरणा देते हैं।

जब नाविकों ने ‘चैंपियंस से मिलो’ अभियान के तहत छात्रों से मुलाकत की और खेल के टिप्स दिए तो स्कूल प्रबंधन ने यह सुनिश्चित किया कि स्कूली छात्र ओलंपियन से मुलाकत के दौरान सख्त कोविड-19 प्रोटोकॉल का पालन करें और हर समय मास्क पहने।

उन्होंने यह भी सुनिश्चित किया कि छात्र एक-दूसरे से कम से कम 2 मीटर की दूरी पर बैठें और इस तरह अन्य छात्रों के बच्चों से शारीरिक संपर्क से बचें।