चायना उत्पादों के बजाय भारतीय प्रोडक्ट का प्रचलन बढ़ाने का सरकार कर रही प्रयास

सनावद में एग्रो बेस्ड फूड क्लस्टर का कृषि एवं उद्योग मंत्रियों ने किया भूमिपूजन
खरगोन :
जिले के सनावद में 6.779 हेक्टेयर रकबे में बनने वाले एग्रो बेस्ड फ़ूड क्लस्टर का गुरुवार को प्रदेश के कृषि मंत्री कमल पटेल और उद्योग मंत्री ओमप्रकाश सखलेचा ने समारोहपूर्वक भूमिपूजन किया। उद्योग मंत्री ओमप्रकाश सखलेचा ने कहा कि इस फूड क्लस्टर में कई इंडस्ट्रीज की स्थापना की संभावना है। इस क्लस्टर के लिए भारत सरकार द्वारा 5 करोड़ और बाकी के 4.68 करोड़ रुपये मप्र शासन प्रदान कर रही है। इस स्वीकृत 968.83 लाख़ से क्लस्टर को विकसित किया जाएगा। भारत शासन आत्मनिर्भर भारत योजना से ये प्रयास कर रही है कि चायना के उत्पाद के स्थान पर हमारे में प्रोडक्ट का प्रचलन बढ़े। इसके लिए भारत शासन ने 13 नए क्लस्टर बनाये है जिसमें सनावद का एग्रो बेस्ड फूड क्लस्टर एक है। इसी तरह 7 अन्य क्लस्टर शीघ्र तैयार किये जा रहे है। मंत्री पटेल ने कहा कि जिले के सर्वांगीण विकास में कोई कमी नहीं रहने देंगे। हाल ही में बड़वाह के काटकूट क्षेत्र में 80 गांवो की उद्धवहन सिंचाई योजना स्वीकृत की है। इस सिंचाई योजना से 12 हजार हेक्टेयर भूमि को सिंचित करने का लक्ष्य है। शासन ने इस योजना के लिए 2863 करोड़ रुपये स्वीकृत करते हुए टेंडर जारी कर दिए है। शीघ्र ही इसका भूमिपूजन कार्यक्रम होगा।
कपास जाएगा और कपड़ा बाहर निकलेगा
उद्योग मंत्री ने कहा कि यहां कपास का प्रोडक्शन बहुत अधिक होता है मीलेंं कही और है इससे लागत बढ़ जाती है। इसके लिए खरगोन में टेक्सटाइल पार्क विकसित किया जाएगा। जहां कपास पार्क के अंदर जाएगा और कपड़ा बनकर बाहर आएगा। कोई व्यक्ति गारमेंट का काम करना चाहता है और 1 करोड़ रुपये तक लगा सकता है तो उसे शासन की नीति के तहत 40 प्रतिशत अनुदान के अलावा 2 हजार रूपये प्रति कर्मचारी को शासन द्वारा दिया जाएगा। इसी तरह 10 करोड़ रुपये इन्वेस्ट करने वाले उदयोग के लिए 50 प्रतिशत अनुदान दिया जाएगा।प्रदेश में किसी भी उद्योग के लिए जमीन, बिजली और पानी उपलब्ध कराएंगे। खरगोन.बड़वानी सांस गजेन्द्रसिंह पटेल, खंडवा के सांसद ज्ञानेश्वर पाटिल, बड़वाह के विधायक सचिन बिरला तथा पूर्व महिला आयोग सदस्य ज्योति येवतिकर ने भी सम्बोधित किया।