‘यूक्रेन न सरेंडर करेगा, न एक इंच जमीन छोड़ेगा’, बातचीत शुरू होने के बाद विदेश मंत्री का बड़ा बयान

यूक्रेन ने साफ कर दिया है कि भले ही रूस से बातचीत शुरु हो गई है, लेकिन यूक्रेन ना तो सरेंडर करेगा और न ही अपनी एक इंच जमीन छोड़ेगा. साथ ही यूक्रेन ने ये भी चेतावनी दी है कि अगर रूस ने परमाणु हथियारों का इस्तेमाल किया तो दुनिया में तबाही आ जाएगी. रविवार को यूक्रेन के विदेश मंत्री, डायमेट्रो कुलेबा ने एक अंतर्राष्ट्रीय प्रेस कांफ्रेंस को ऑनलाइन संबोधित किया. इस दौरान उन्होनें साफ तौर से कहा कि भले ही रूस ने पूरी ताकत के साथ यूक्रेन पर हमला किया हो, लेकिन रूस कोई भी सामरिक-लक्ष्य प्राप्त नहीं कर पाया है. उन्होनें कहा कि यही वजह है कि रूस आज यूक्रेन से बातचीत के लिए तैयार हो गया है. इस प्रेस कॉन्फ्रेंस में एबीपी न्यूज की टीम भी शामिल हुई थी.

कुलेबा ने कहा कि रूस ने टैंक, तोप और क्रूज मिसाइल से यूक्रेन पर चौतरफा हमला किया हो, लेकिन पिछले चार दिनों की लड़ाई में रूस को कुछ हासिल नहीं हुआ है. रूस अभी तक किसी भी मुख्य शहर पर कब्जा करने में नाकाम रहा है. राजधानी कीव पर भी हमला किया गया, लेकिन यूक्रेन की सेना जमकर मुकाबला कर रही है. उन्होनें कहा कि द्वितीय विश्वयुद्ध में हिटलर द्वारा इस तरह के हमले किए गए थे जैसा आज पुतिन के नेतृत्व में रूस कर रहा है. 

रूस के ज़ार, पीटर-प्रथम की तुलना पुतिन से करते हुए यूक्रेन के विदेश मंत्री ने कहा कि रूस ठीक वैसे ही गरीबी और बदहाली में लौट जाएगा जैसा कि 300 साल पहले हुआ था. उन्होनें कहा कि जिस तरह पूरी दुनिया ने रूस पर प्रतिबंध लगाए हैं रूस के लोगों को वीजा तक मिलना मुश्किल हो जाएगा. कुलेबा ने कहा कि रूस पर तब तक कड़े प्रतिबंध लगते रहने चाहिए जब तक कि उसके सभी सैनिक यूक्रेन की धरती से वापस न लौट जाएं. उन्होने कहा की पूरी दुनिया को रूस के तेल और गैस को खरीदने से मना कर देना चाहिए. 

यूक्रेन के विदेश मंत्री ने कहा कि रूस का मकसद पूरी तरह से यूक्रेन को एक राष्ट्र के तौर पर पूरी तरह से तबाह कर देना है, लेकिन यूक्रेन का युद्ध अवाम का युद्ध है और पूरी ताकत से लड़ा जाएगा. हम रूकने वाले नहीं है. उन्होने बताया कि पिछले चार दिनों में रूस को जंग के दौरान भारी नुकसान उठाना पड़ा है. अब तक रूस के 46 एयरक्राफ्ट, 26 हेलीकॉप्टर, 146 टैंक और उस मिसाइल सिस्टम को तबाह किया गया है, जिसनें कुछ साल पहले यूक्रेन के आसमान में मलेशिया के नागरिक विमान को मार गिराया था. उन्होने दावा किया कि रूस के 4300 सैनिकों को मार गिराया गया है. कुलेबा ने कहा कि उनके देश को रूस से लड़ने के लिए हथियार, मिसाइल, एटीजीएम, ड्रोन और गोला-बारूद की जरुरत है. 

रूस के सेना पर यूक्रेन के रिहायशी इलाकों, स्कूल और अनाथालय पर हमले करने का आरोप लगाते हुए विदेश मंत्री कुलेबा ने कहा कि रूस के वॉर-क्राइम के खिलाफ यूक्रेन  ने हेग स्थित इंटरनेशनल कोर्ट ऑफ जस्टिस (आईसीजे) में शिकायत दर्ज कराई और आज नहीं तो कल रूस को उसके अपराधों की सजा जरुर मिलेगी. रूस की परमाणु हथियारों की धमकी पर यूक्रेन के विदेश मंत्री ने कहा कि इससे दुनिया में तबाही आ जाएगी.