आज लौटेंगे 8 उड़ानों से 1500 नागरिक

ऑपरेशन गंगा- अभियान का आखिरी चरण जारी

नई दिल्ली। यूक्रेन-रूस युद्ध का आज 11वां दिन है। हंगरी स्थित भारतीय दूतावास ने आज एक अहम ऐलान करते हुए कहा है कि आज से ऑपरेशन गंगा का आखिरी चरण शुरू हो रहा है। ऐसे में वहां फंसे लोग आज स्थानीय समयानुसार सुबह 10 बजे से 12 बजे के बीच बुडापेस्ट के हंगारिया सिटी सेंटर पहुंचें। ऑपरेशन गंगा के तहत रविवार को 11 फ्लाइट्स से 2135 भारतीय वतन लौटे। सिविल एविएशन मिनिस्ट्री के मुताबिक, अब तक 15 हजार 900 भारतीय नागरिक देश लौट चुके हैं। ऑपरेशन गंगा 22 फरवरी को शुरू हुआ था। मिनिस्ट्री के मुताबिक, कल यानी सोमवार को कुल 8 स्पेशल फ्लाइट्स ऑपरेट की जाएंगी। इनमें से 5 बुडापेस्ट से ऑपरेट होंगी। कुल मिलाकर 1500 भारतीयों को स्वदेश लाया जाएगा। इससे पहले रविवार तडक़े 182 भारतीय नागरिकों को लेकर एक विशेष उड़ान रोमानिया के बुखारेस्ट से मुंबई पहुंची। वहीं, एक अन्य फ्लाइट 183 स्टूडेंट्स को लेकर बुडापेस्ट से दिल्ली पहुंची। इसके अलावा इंडियन एयरफोर्स का ष्ट-17 विमान 210 यात्रियों को लेकर दिल्ली के पास हिंडन एयरबेस पर उतरा। अभी तक तीन विमान से 575 यात्री दिल्ली और मुंबई पहुंच चुके हैं। नागर विमानन मंत्रालय के अनुसार ऑपरेशन गंगा के तहत आज यूक्रेन के पड़ोसी देशों से 11 विशेष फ्लाइट्स से 2135 भारतीयों को वापस लाया गया। इसके साथ ही 22 फरवरी 2022 से अब तक विशेष उड़ानों से 15,900 से अधिक भारतीयों को वापस लाया जा चुका है।
स्लोवाकिया और यूक्रेन के लोगों ने मदद की: स्लोवाकिया के कोसिसे से दिल्ली आए छात्र मोहन कुमार बताया- मैं इवानो-फ्रैकिव्स्क से आया था। 3 मार्च को सीमा पार कर गया था। स्लोवाकिया और यूक्रेन के लोगों ने हमारी बहुत मदद की, भोजन और आश्रय की व्यवस्था की। हम स्लोवाकिया की मदद से भारतीय दूतावास के साथ आए।

पीएम ने ऑपरेशन गंगा को लेकर की मीटिंग
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने यूक्रेन संकट पर शनिवार को एक बार फिर हाई लेवल मीटिंग की। पिछले 4 दिनों में पीएम की यह 9वीं बैठक है। बताया जा रहा है कि पीएम ने अब तक भारतीयों छात्रों को निकालने को लेकर चलाए जा रहे ऑपरेशन गंगा के बारे में पूरी जानकारी ली। साथ ही बाकी फंसे भारतीयों की स्वदेश वापसी के अभियान में और तेजी लाने के निर्देश दिए। बता दें कि यूक्रेन में फंसे भारतीयों को निकालने के लिए पीएम लगातार इस तरह की बैठकें कर रहे हैं और हालात पर खुद निगरानी रख रहे हैं।